PKN Live | गाजियाबाद के ट्रांस हिंडन क्षेत्र में स्थित शालीमार गार्डन इलाके में रविवार को हालात उस वक्त तनावपूर्ण हो गए, जब सोशल मीडिया पर तलवारों के साथ प्रदर्शन से जुड़े वीडियो सामने आए। वीडियो के सामने आते ही पुलिस महकमे में हलचल मच गई और मामले को कानून-व्यवस्था से जुड़ा गंभीर प्रकरण मानते हुए थाना शालीमार गार्डन में FIR दर्ज कर ली गई।
पुलिस ने इस मामले में हिंदू रक्षा दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष पिंकी चौधरी समेत कई लोगों को नामजद किया है, जबकि 25 से 30 अज्ञात लोगों के शामिल होने की भी बात कही गई है।
सोशल मीडिया से शुरू हुआ पूरा मामला
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, 29 दिसंबर को सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो तेजी से वायरल हुए। इन वीडियो में देखा गया कि शालीमार गार्डन एक्सटेंशन-02 इलाके में स्थित एक कार्यालय के बाहर कुछ लोग हाथों में तलवारें लेकर नारेबाजी कर रहे हैं।
वीडियो में साफ दिख रहा था कि प्रदर्शन बुद्ध बाजार रोड और प्लॉट नंबर A-16 के आसपास किया जा रहा है, जो कि एक घनी आबादी वाला इलाका है। पुलिस का कहना है कि इस तरह का प्रदर्शन आम लोगों के लिए सीधा खतरा बन सकता था।
सड़क पर फैली दहशत, लोग घरों में दुबकने को मजबूर
FIR में दर्ज विवरण के अनुसार, जैसे ही तलवारों के साथ प्रदर्शन की खबर फैली, सड़क पर अफरा-तफरी मच गई।
राह चलते लोग घबरा गए
कई वाहन चालक अपने वाहन छोड़कर भागते नजर आए
दुकानदारों ने आनन-फानन में शटर गिरा दिए
हालात इतने बिगड़ गए कि सड़क पर लंबा जाम लग गया। इस जाम में महिलाएं, बच्चे, बुजुर्ग और यहां तक कि एम्बुलेंस भी फंस गई। स्थानीय लोगों का कहना है कि कुछ देर के लिए पूरे इलाके में डर का माहौल बन गया था।
7:59 बजे दर्ज हुई FIR
इस पूरे मामले में थाना शालीमार गार्डन में 29 दिसंबर 2025 की शाम 7 बजकर 59 मिनट पर FIR दर्ज की गई। शिकायत उपनिरीक्षक प्रदीप कुमार ने दर्ज कराई, जो उस समय चौकी प्रभारी के रूप में तैनात थे।
मुकदमा भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 और आपराधिक कानून संशोधन अधिनियम 1932 की संबंधित धाराओं में दर्ज किया गया है।
भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए शालीमार गार्डन थाना पुलिस के साथ साहिबाबाद, टीला मोड़ और लिंक रोड थानों की फोर्स को भी मौके पर बुलाया गया। इसके अलावा ट्रांस हिंडन ज़ोन की QRT टीम और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी घटनास्थल पर पहुंचे।
काफी मशक्कत के बाद पुलिस ने हालात पर काबू पाया और इलाके में शांति व्यवस्था बहाल की।
किन धाराओं में दर्ज हुआ केस
पुलिस ने इस मामले में
BNS 2023 की धारा 191(2)
धारा 191(3)
धारा 127(2)
आपराधिक कानून संशोधन अधिनियम 1932 की धारा 7
यहाँ पढ़ें FIR
के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, ये धाराएं सार्वजनिक शांति भंग करने और डर का माहौल पैदा करने से जुड़ी हैं।
कई नामजद, कई अज्ञात
FIR में पिंकी चौधरी के अलावा हर्ष चौधरी, अन्नू, श्याम यादव, अमित सिंह, मोहित कुमार, अरुण जैन, उजाला सिंह, अमित कुमार, महेंद्र प्रधान, रामपाल, राधेश्याम, अमित प्रजापति, श्रवण चंदेल और कपिल समेत कई लोगों के नाम दर्ज हैं।
इसके अलावा 25 से 30 अज्ञात लोगों के शामिल होने की भी बात कही गई है। पुलिस का कहना है कि सभी की पहचान वीडियो फुटेज और स्थानीय इनपुट के आधार पर की जा रही है।
जांच अधिकारी नियुक्त
मामले की जांच उपनिरीक्षक महिपाल सिंह को सौंपी गई है। पुलिस का कहना है कि वायरल वीडियो, मोबाइल रिकॉर्ड और स्थानीय लोगों के बयान जांच का आधार होंगे। जरूरत पड़ने पर आगे की कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।
पुलिस का साफ संदेश
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट कहा है कि किसी भी संगठन को कानून हाथ में लेने की इजाजत नहीं दी जाएगी। सार्वजनिक स्थान पर हथियारों का प्रदर्शन करना और लोगों में भय पैदा करना गंभीर अपराध है। ऐसे मामलों में सख्ती से कार्रवाई की जाएगी।
शालीमार गार्डन की यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि सोशल मीडिया के दौर में ऐसे प्रदर्शन कितनी तेजी से शांति व्यवस्था को बिगाड़ सकते हैं। फिलहाल पुलिस जांच जारी है और आने वाले दिनों में इस मामले में और कार्रवाई हो सकती है।


